आईएस पर अमेरिकी स्ट्राइक, एयरपोर्ट अटैक के दो आतंकी ढेर

 29 Aug 2021 02:34 AM

वॉशिंगटन अफगानिस्तान के नंगरहार प्रांत में शनिवार को इस्लामिक स्टेटखुरासा न पर अमेरिका ने ड्रोन अटैक किया। इस हमले में काबुल एयरपोर्ट अटैक का साजिशकर्ता मारा गया। अमेरिकन सेंट्रल कमांड के प्रवक्ता कैप्टन बिल अर्बन ने बताया कि पाकिस्तान से सटे नंगरहार प्रांत में यह मानवरहित हमला किया। हमले में किसी भी नागरिक के हताहत होने की खबर नहीं है। अमेरिकी ड्रोन ने मध्य-पूर्व की किसी अज्ञात लोकेशन से बीती रात उड़ान भरी और आतंकी को उस वक्त निशाना बनाया जब वह अपने दूसरे सहयोगी के साथ कार में सवार था, ये दोनों अमेरिकी हमले में मारे गए हैं।

बाइडेन ने कहा था-अंजाम भुगतना होगा

आईएस-खुरासान ने गुरुवार को काबुल हवाई अड्डे के बाहर हमले की जिम्मेदारी ली थी। हमले में जिसमें 13 अमेरिकी सैनिकों सहित 170 लोग मारे गए थे। घटना के बाद राष्ट्रपति जो बाइडेन ने कहा था- हम माफ नहीं करेंगे। हम नहीं भूलेंगे। हम आपको ढूंढेंगे और आपको अंजाम भुगतना होगा। इसके कुछ ही घंटों के बाद अमेरिका ने यह एयर स्ट्राइक कर दी।

काबुल एयरपोर्ट गेट के पास फिर फायरिंग

काबुल एयरपोर्ट के एंट्री गेट के पास एक बार फिर से फायरिंग की खबर है। फायरिंग के बाद यहां अफरा-तफरी मच गई। आंसू गैस के गोले भी छोड़े गए। फायरिंग किसने की, फिलहाल ये साफ नहीं है। इससे पहले गुरुवार को हुए आत्मघाती हमलों में 170 लोगों की मौत हुई थी। इसमें 13 अमेरिकी सैनिक भी मारे गए थे।

ब्रिटेन के अंतिम विमान ने काबुल से भरी उड़ान

ब्रिटेन ने शनिवार को निकासी अभियान समाप्त करने की घोषणा की। काबुल से शनिवार को आखिरी उड़ान उड़ी। अब अफगानिस्तान में ब्रिटेन के सिर्फ अधिकारी और सुरक्षाकर्मी बचे हैं। उधर, अमेरिकी सैनिकों ने काबुल हवाई अड्डे के 3 गेट और कुछ अन्य हिस्सों को छोड़ दिया है। इसके बाद तालिबान ने इन क्षेत्रों का नियंत्रण अपने हाथ में ले लिया है।

तालिबान से मिला लश्कर चीफ, कश्मीर में मांगा साथ

मीडिया में आई कुछ रिपोर्ट्स के मुताबिक पाकिस्तान के आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद के प्रमुख मसूद अजहर ने कुछ दिन पहले कंधार जाकर तालिबान के नेताओं से मुलाकात की है। इस दौरान जैश-ए- मोहम्मद ने भारत में अपनी गतिविधियां चलाने के साथ ही कश्मीर के मुद्दे पर पर तालिबान की मदद मांगी है। वार्ता में कई और भी आतंकी शामिल थे।