‘9 मिनिट बत्ती गुल,’ बिजली कंपनियों का अटेंशन फुल!

‘9 मिनिट बत्ती गुल,’ बिजली कंपनियों का अटेंशन फुल!

जबलपुर । देश के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के आव्हान राष्ट्रीय एकता दर्शाने रविवार की रात 9 बजे से 9 मिनिट तक बिजली बंद करने का आव्हान किया गया है। पूरे देश की तरह मध्य प्रदेश में एक साथ लोगों द्वारा बिजली एक साथ बंद करने और फि र चालू करने में विद्युत आपूर्ति प्रदाय करने में प्रदेश ही नहीं पूरे देश के बिजली विभाग अपने-अपने स्तर पर तैयारी कर रहे हैं, जानकारों की मानें तो तकनीकी रूप से यह चुनौती पूर्ण हो सकता है।

अलर्ट मोड पर पॉवर ग्रिड

उल्लेखनीय है कि पीएम के आव्हान होने जा रहा यह अभियान एक साथ होना है, ऐसे में कुछ एक राज्य से दूसरे राज्य में बिजली देने की यूनिट और पड़ोसी देशों में भारत से होने वाली बिजली आपूर्ति को निर्बाध करने की दिशा में पावर ग्रिड को शनिवार से ही अलर्ट मोड पर कर दिया गया है। इसके लिए आला अधिकारियों और अभियंताओं की टीम को मुस्तैद कर दिया गया है।

एक उपाय यह भी है

सायरस इंजीनियर्स इंडस्ट्रियल बॉयलर्स के अनुसार अचानक मांग में कमी से नुकसान से बचाने के लिए उपभोक्ता थोड़ा देर से बिजली आन करें। बताया गया कि अचानक डिमांड घटने और फि र 9 मिनिट बाद अचानक बढ़ने से नुकसान संभव है, लिहाजा लोग अपने घरों के मेन स्विच 15 मिनिट पहले बंद करें, क्योंकि उस समय वोल्टेज ज्यादा बढ़ेगा, जो उपकरणों को खबरा कर सकता है। ब्लैक आउट के 15 मिनिट बाद तक घर के मेन स्विच शुरू करने से बचें, क्योंकि इस दौरान वोल्टेज में क्चुएशन होगा, इससे बचने का एक और तरीका है, कि सिर्फ लाइट बंद करें, दूसरे उपकरण चालू रहने दें।

देशभर में हुई वीडियो कॉन्फेंसिंग

देशभर में एक साथ होने वाले ब्लैट आउट के बाद बिजली की आपूर्ति सुनिश्चित करने की तैयारी को लेकर शनिवार को देशभर की बिजली कंपनियों और विभागों के आला अधिकारियों ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग की। इस दौरान कहां किस तरह से मैनेज करना है, इस पर राज्यवार प्लान बनाकर उसे ङ्मिीयान्वित करने पर चर्चा की गई है।

मध्यप्रदेश में ये रहेगी तैयारी

ट्रांस्को के प्रबंध निदेशक पीएआर बेन्डे ने पीपुल्स समाचार से बातचीत में बताया कि मध्यप्रदेश में तैयारी हमारी पूरी है, कुछ थर्मल में बैकडाउन करेंगे, हायडल में फु ल करेंगे, जैसे ही लोग स्वमेव शटडाउन करेंगे हम हायडल को मिनिमम करेंगे, इससे लोड रिलेशन को बराबर कर दिया जाएगा। हमारे पास बेहतरीन एक्सपर्ट हैं, जो इसे मैनेज कर लेंगे। उन्होंने बताया कि पूरे देश के लोड डिस्पेचेज हैं, सभी ने वीडियो कॉन्फ्रेंस करके एक्स्ट्रा प्लान बना लिया है।

अभियंता संघ ने जताई चिंता, किया आव्हान

आल इंडिया पावर इंजीनियर्स फेडरेशन के अध्यक्ष शैलेन्द्र दुबे ने बताया कि मध्य प्रदेश में अधिकतम मांग 14 हजार 500 मेगावाट थी, जो लॉक डाउन के समय आज केवल 6 हजार मेगावॉट चल रही है। यदि प्रदेश में भी लाइंटिंग लोड रात 9 बजे कम किया जाता है, जो 1 हजार से 12 सौ मेगावॉट का लोड कम होगा, जिसकी पूरी व्यवस्थाएं मप्र के एसएलडीसी द्वारा एवं पावर मैनेजमेंट कंपनी द्वारा की जा रही हैं, जिससे कि ग्रिड में किसी भी प्रकार का प्रभाव ना पडे एवं पूरे देश का पावर ग्रिड सुरक्षित हो सके।

विद्युत उपभोक्ताओं से अपील

अभियंता संघ ने प्रदेश के विद्युत उपभोक्ताओं से अपील की है कि रविवार की रात 9 बजे वह केवल लाइटिंग लोड ही बंद करें, अन्य उपकरण अंदर चालू रहने दें, 9 मिनिट के बाद लाइट धीरे-धीरे चालू करें, जिससे कि घरेलू उपकरण भी सुरक्षित रहेंगे।